SHAHEED DWARIKA PRASAD

[17/05, 20:20] 08 मई 2018 को पुण्य तिथि के अवसर पर : गरीब और शोषितों के मसीहा शहीद द्वारिका प्रसाद जी 20वां शहादत दिवस के अवसर पर तमाम शोषितों और वंचितों के नेता एवं वहां उपस्थित परैया खुर्द के मुखिया सुनील कुमार पूर्व MLA सुरेंद्र प्रसाद सिन्हा वरिष्ठ पत्रकार रोशन कुमार राष्ट्रीय लोक समता पार्टी युवा जिला अध्यक्ष डीके dadel, प्रदेश महासचिव युवा नगर संयोजक आकाश दयाल मैं तमाम गतिविधियों पर चर्चा किया द्वारका बाबू जन जन के नेता गुदड़ी के लाल के रूप में अपनी सरकारी सेवा को लात मारकर देश सेवा में अपने जीवन को निछावर कर दिया उनका कहना था दो बातें हैं मोटी-मोटी हमें चाहिए इज्जत रोटी इन तमाम कथनों के अनुसार पूरे देश में एक ऐसी व्यवस्था लाने का प्रयास कर रहे थे तभी उनका कसमार की धरती पर हर निर्मम प्रकार से हत्या करवा दी गई ताकि इनकी आवाज को बंद कर दिया जाए लेकिन इनके जो आवाज़ था गरीबों और दोस्तों के लिए वह आवाज रुकने वाला नहीं है आज देश में अराजकता सा फैला जा रहा है हमें मिलकर एकजुट होकर इन तमाम अराजकता के खिलाफ लड़ाई लड़ना होगा गरीबों और वंचितों के हक दिलाना होगा इन तमाम बातों पर चर्चा हुई और यहां पर उपस्थित तमाम ग्रामवासी एवं दूर दराज से आए हुए तमाम गरिमामई अतिथि उपस्थित थे .
[17/05, 20:20]: दाँगी भाईयो आज 8 मई है आज के दिन दाँगी संघ के एक वीर योद्धा को खोया था ।ओ समय याद करे 26 27 फरवरी 1994का वो साल था। दाँगी संघ के वीर योद्धा दाँगी द्वारिका बाबु का जुनून सातवें आसमान पर था ।। दांगियो के शैलाब से डुब गया पटना गांधी मैदान । दांगियो के स्तित्व और एकता को पहचान लिया सारा जहान ।। दाँगी द्वारिका बाबु की दाँगी संघ के मंच से गर्जना हुई। उस वक्त बिहार सरकार के मुखिया श्री लालू प्र0 यादव जी ने दागियों के जनसैलाव को देख कर ओ आपने आपको रोक नही पाए और दाँगी मंच पर आके घोषणा किये की दाँगी जाती सरकार के जाती के गजेट में सामिल किया जाएगा औऱ दांगी जाती बीहार सरकार के गजट में शामिल हुईं। जिसका पूर्ण रूप से जो आज मीठा फल हमारे आ0 भा0 दाँ0 क्ष0 संघ बिहार के वर्तमान माननिये गणो के कठिन संघर्ष से मिला जो आज हर बिहारी दाँगी जाती के पास ढाल भी है और तलवार भी जिस के कारण बिहारी दाँगी जाती छात्र छात्राये आगे बढ़ रहे और हमारे अभिभावक गण भी मुखिया सरपंच बन रहे है और हम सभी दाँगी शब्द के जय जय कार रहे है । इसके बाद महान समाज सेवी दाँगी द्वारिका बाबू ने शोषित पिछड़ा वर्ग समाज को पूरे बिहार औऱ झारखंड में संगठित करके जन जगरूकता अभियान चलाये ।इसी दौरान 8 मई 19 99 को मनातू थाना (पलामू) के कसमार पसहर बाजार में डॉ0 अम्बेडकर की जयंती मनाई जा रही थी सभा मे काफी भीड़ था मंच से दाँगी द्वारिका बाबू भाषण गुज रहा था कि दाँगी दुश्मन उग्र वादियों ने लाठी डंटे से हमारे समाज के वीर योद्धा दाँगी द्वारिका बाबू के लहू लोहान कर दिया और तड़प तड़प पानी पानी चिल्लाते रहे किसी बूढ़ी औऱ ने पानी दिया और ओ जय दाँगी ।जय शोषित।जय भारत।कहते हुए इस महान समाज सेवी की सासे रुक गई।ऐसे महान क्रांतिकारी, बलिदानी दाँगी को आँसू भरे दिल से शत शत नमन। 💐अमर शहीद दाँगी द्वारिका बाबू अमर रहे💐 जय दाँगी।
[17/05, 20:24]: 26 27 फरवरी 1994का वो साल था। द्वारिका बाबु का जुनून सातवें आसमान पर था ।। दांगियो के शैलाब से डुब गया पटना गांधी मैदान । दांगियो के स्तित्व और एकता को पहचान लिया सारा जहान ।। द्वारिका बाबु की मंच से गर्जना हुई। दांगी शब्द बिहार सरकार के गजट में शामिल हुईं.